सैलाना/सकरावदा। मध्य प्रदेश जन अभियान परिषद सैलाना, जिला रतलाम नवांकुर संस्था आदर्श सकरावदा ग्राम विकास समिति द्वारा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती को जनजाति गौरव दिवस के रूप में हर्षोल्लास से मनाया गया।
आदिवासी गौरव दिवस सप्ताह (11 से 15 नवंबर) के अंतर्गत जनजाति कार्य विभाग रतलाम एवं केंद्र-प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार आयोजित रथ यात्रा का सकरावदा में भव्य स्वागत किया गया। सैलाना से प्रारंभ होकर अडवानिया होते हुए रथ सकरावदा पहुंचा, जहां ग्रामीणों ने फूलों, नृत्यों और पारंपरिक वाद्यों के साथ इसका स्वागत किया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पूर्व विधायक संगीता चारेल ने संबोधन करते हुए कहा, “भगवान बिरसा मुंडा आदिवासी समाज के प्रतीक हैं, जिन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ संघर्ष कर जनजातीय अस्मिता को मजबूत किया। आज हम उनकी जयंती पर संकल्प लें कि उनके आदर्शों को अपनाकर समाज को नई दिशा देंगे।” जनपद अध्यक्ष कैलाशी बाई चारेल ने अपने संबोधन में जोर दिया, “जनजातीय गौरव को बनाए रखने के लिए हमें शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में आगे बढ़ना होगा। बिरसा मुंडा के बलिदान से प्रेरित होकर हम नारी सशक्तिकरण को बढ़ावा देंगे।” रथ प्रभारी जीवनलाल चारेल ने कहा, “यह रथ यात्रा मात्र एक आयोजन नहीं, बल्कि आदिवासी एकता का प्रतीक है। हम सभी को उनके संघर्ष की याद दिलाती है और भविष्य के लिए प्रेरणा देती है।” सह प्रभारी कैलाश कटारा ने संबोधित करते हुए बताया, “रथ यात्रा के माध्यम से हम गांव-गांव में बिरसा मुंडा के संदेश को पहुंचा रहे हैं, ताकि युवा पीढ़ी उनके त्याग को कभी न भूले।
ब्लॉक समन्वयक रतनलाल जी चरपोटा के नेतृत्व में सभी बच्चों को नशा मुक्त जीवन और ‘एक पेड़ मां के नाम’ की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में संयोजक मांगीलाल खराड़ी, संस्था प्राचार्य रमेश चंद्र डोडियार, प्रदीप शर्मा, सरपंच पति शांतिलाल मईडा एवं संस्था के सभी स्टाफ मौजूद थे।
संचालन वरिष्ठ शिक्षक राकेश राज शर्मा ने किया, जबकि आभार प्राचार्य रमेश चंद्र डोडियार ने ज्ञापित किया। यह आयोजन आदिवासी संस्कृति के संरक्षण और सामाजिक जागरूकता का प्रतीक सिद्ध हुआ।
Author: MP Headlines

















